हॉल खचाखच भरा हुआ था…प्रसिद्ध थिएटर हस्तियों सहित शहर के दिग्गज मौजूद थे। और ऐसे ही बहुत सारे युवा भी थे। सिटी ब्यूटीफुल के साथ लिलेट दुबे की डेट दर्शकों को आकर्षित करने में कभी असफल नहीं होती। क्या यह मॉनसून वेडिंग, कल हो ना हो और हाल ही में सॉन्ग ऑफ पैराडाइज जैसी फिल्मों में सिल्वर स्क्रीन पर उनकी आकर्षक निरंतर उपस्थिति है, जो चंडीगढ़ के अभिजात वर्ग को आकर्षित करती है या तथ्य यह है कि उनके नाटक ‘अभिजात्य’ रानी की भाषा अंग्रेजी में हैं…इसका उत्तर जानने का दावा कौन कर सकता है?

